कूड़ा निस्तारण पर भड़के लोग, पार्षद मुकेश डागर के नेतृत्व में केंद्रीय मंत्री के आवास का किया घेराव
- तीन महीने में खत्म होगा शहर का सारा कचरा, 10 कलेक्शन प्वाइंट्स पर लगेगी निस्तारण मशीनें: कृष्णपाल
फरीदाबाद। औद्योगिक नगरी में कूड़ा निस्तारण को लेकर विवाद थमने का नाम नहीं ले रहा है। नगर निगम की ओर से कूड़ा डालने और निस्तारण के लिए स्थान तय किए जाने पर स्थानीय लोग विरोध करने लगते हैं। मंगलवार को केंद्रीय राज्यमंत्री कृष्णपाल गुर्जर द्वारा प्रतापगढ़ निस्तारण प्लांट की क्षमता बढ़ाने की बात कहे जाने के बाद स्थानीय लोगों की चिंता बढ़ गई। उन्हें आशंका थी कि इससे प्रतापगढ़ में कूड़े का पहाड़ और बड़ा हो जाएगा। इसी मुद्दे को लेकर बुधवार को वार्ड-एक के पार्षद मुकेश डागर के नेतृत्व में सैकड़ों लोग सेक्टर-28 स्थित केंद्रीय राज्य मंत्री के आवास पर पहुंचे।
फरीदाबाद में प्रतिदिन करीब 1200 टन कचरा निकलता है, जबकि प्रतापगढ़ और मुजेड़ी में लगभग 300 टन कूड़े का ही निस्तारण हो पा रहा है। शेष कचरा शहर की सड़कों और खुले स्थानों पर पड़ा रहता है। भांकरी गांव में कूड़ा डालने के विरोध में ग्रामीणों ने धरना दिया था। इस दौरान प्रदर्शनकारियों को हटाने के प्रयास में पथराव भी हुआ था। इसके बाद केंद्रीय मंत्री ने स्पष्ट किया था कि भांकरी में केवल 20 नवंबर तक ही कूड़ा डाला जाएगा।
लोगों से बातचीत के दौरान केंद्रीय राज्यमंत्री कृष्णपाल गुर्जर ने बताया कि नगर निगम की ओर से टेंडर जारी कर दिए गए हैं। जल्द ही 10 कलेक्शन प्वाइंट पर कूड़ा निस्तारण की मशीनें लगाई जाएंगी। उन्होंने भरोसा दिलाया कि अगले तीन महीने में शहर के कूड़े का निस्तारण करने के लिए व्यवस्था बेहतर करने का प्रयास किया जाएगा। इसके बाद प्रतापगढ़ प्लांट में केवल एनआईटी क्षेत्र का ही कूड़ा भेजा जाएगा।
केंद्रीय मंत्री के आश्वासन के बावजूद कुछ लोग शांत नहीं हुए और उनकी गाड़ी के आगे लेटकर विरोध जताने लगे। मौके पर पहुंची पुलिस ने गाड़ी के आगे लेटे लोगों को हिरासत में लेकर सेक्टर-31 थाने पहुंचाया, जहां कुछ देर बाद उन्हें छोड़ दिया गया।
पार्षद मुकेश डागर ने कहा कि केंद्रीय मंत्री के स्पष्टीकरण से लोगों की यह आशंका दूर हुई है कि प्रतापगढ़ में पहले से अधिक कूड़ा डाला जाएगा। वहीं, कृष्णपाल गुर्जर ने कहा कि तीन महीने बाद शहर की सड़कों पर कूड़े के ढेर दिखाई न दें, इसके लिए निस्तारण व्यवस्था को गति दी जाएगी।
