5 मिनट से शुरू करें योगाभ्यास, धीरे-धीरे बना लें नियमित आदत : डॉ. जितेंद्र कुमार
फरीदाबाद। अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर एकॉर्ड अस्पताल में शनिवार को डॉक्टरों और कर्मचारियों ने सामूहिक योगाभ्यास कर स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संदेश दिया। इस दौरान अस्पताल चेयरमैन डॉ. जितेंद्र कुमार ने कहा कि योग को केवल एक दिन के आयोजन तक सीमित नहीं रखना चाहिए, बल्कि इसकी शुरुआत छोटी अवधि से करके इसे नियमित आदत बनाना चाहिए। डॉ. जितेंद्र कुमार ने कहा कि आज की व्यस्त जीवनशैली में लोग अक्सर यह सोचकर योग शुरू नहीं कर पाते कि इसके लिए अलग से काफी समय निकालना पड़ेगा, जबकि इसकी शुरुआत केवल 5 मिनट से भी की जा सकती है।
उन्होंने कहा कि यदि व्यक्ति रोजाना पांच मिनट योग, प्राणायाम या हल्की स्ट्रेचिंग के लिए निकाले, तो धीरे-धीरे यह उसकी दिनचर्या का हिस्सा बन जाता है और फिर वह नियमित रूप से योग करने लगता है। उन्होंने कहा कि कार्यस्थल पर लंबे समय तक बैठकर काम करने, मानसिक दबाव और अनियमित दिनचर्या के कारण तनाव, थकान, पीठ दर्द, मोटापा और कई अन्य स्वास्थ्य समस्याएं बढ़ रही हैं। ऐसे में योग शरीर और मन दोनों के लिए बेहद उपयोगी है। योग न केवल शरीर को लचीला और सक्रिय बनाता है, बल्कि मन को शांत, एकाग्र और सकारात्मक भी रखता है।
इस मौके पर वरिष्ठ हड्डी एवं ज्वाइंट रिप्लेसमेंट सर्जन डॉ. युवराज कुमार ने कहा कि लंबे समय तक बैठकर काम करने की आदत के कारण कमर दर्द, गर्दन दर्द, घुटनों में जकडऩ और जोड़ों से जुड़ी समस्याएं तेजी से बढ़ रही हैं। ऐसे में योग मांसपेशियों को मजबूत बनाने, शरीर का लचीलापन बढ़ाने और हड्डियों व जोड़ों को सक्रिय रखने में मदद करता है। उन्होंने कहा कि यदि लोग रोजाना 5 से 10 मिनट योग और स्ट्रेचिंग को अपनी दिनचर्या में शामिल करें, तो भविष्य में कई ऑर्थोपेडिक समस्याओं से बचा जा सकता है। अस्पताल में आयोजित कार्यक्रम के दौरान डॉक्टरों और कर्मचारियों ने विभिन्न योगासन, प्राणायाम और ध्यान का अभ्यास किया। इस अवसर पर वरिष्ठ हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ. ऋषि गुप्ता, वरिष्ठ सर्जन डॉ. प्रबल रॉय, वरिष्ठ न्यूरोलॉजिस्ट डॉ. रोहित गुप्ता, वरिष्ठ गैस्ट्रोएंटेरोलॉजिस्ट डॉ. रामचंद्र सोनी सहित अस्पताल के कई डॉक्टर और कर्मचारी मौजूद रहे। सभी ने योग को नियमित जीवनशैली का हिस्सा बनाने का संकल्प लिया।
