’सोमनाथ स्वाभिमान पर्व’ के तहत हरियाणा सरकार वरिष्ठ नागरिकों को करवा रही है निशुल्क यात्रा, 6 जून तक करें आवेदन
- श्रद्धालुओं को ‘पहले आओ-पहले पाओ’ के आधार पर स्पेशल ट्रेन में मिलेगी बुकिंग, मेडिकल प्रमाण पत्र अनिवार्य - मुख्यमंत्री 8 जून को कुरुक्षेत्र रेलवे जंक्शन से स्पेशल ट्रेन को श्री सोमनाथ के लिए करेंगे रवाना
फरीदाबाद । उपायुक्त (डीसी) आयुष सिन्हा ने बताया कि भारत सरकार के संस्कृति मंत्रालय द्वारा राष्ट्रव्यापी स्तर पर 11 जनवरी 2026 से 11 जनवरी 2027 तक ‘सोमनाथ स्वाभिमान पर्व – 1000 वर्ष की धैर्यगाथा, अटूट आस्था’ का आयोजन किया जा रहा है। इसी ऐतिहासिक एवं आध्यात्मिक अभियान के अंतर्गत हरियाणा सरकार ने मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व में प्रदेश के श्रद्धालुओं को श्री सोमनाथ ज्योतिर्लिंग के पावन दर्शन करवाने हेतु विशेष तीर्थ यात्रा आयोजित करने का निर्णय लिया है। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के तहत 8 जून 2026 को श्रद्धालुओं के लिए विशेष रेल सेवा संचालित की जाएगी। इस यात्रा के लिए इच्छुक श्रद्धालु 6 जून 2026 तक अपने स्मार्ट फोन अथवा निकटतम अटल सेवा केंद्र/सीएससी के माध्यम से सरल पोर्टल पर पंजीकरण करवा सकते हैं। श्रद्धालुओं को “पहले आओ, पहले पाओ” के आधार पर विशेष ट्रेन में यात्रा की सुविधा उपलब्ध करवाई जाएगी।
डीसी आयुष सिन्हा ने बताया कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी 8 जून 2026 को कुरुक्षेत्र से विशेष ट्रेन को झंडी दिखाकर रवाना करेंगे। यह ट्रेन कुरुक्षेत्र से चलकर करनाल, पानीपत, सोनीपत, दिल्ली सहित विभिन्न रेलवे स्टेशनों से होते हुए श्री सोमनाथ पहुंचेगी। फरीदाबाद जिला के पंजीकृत श्रद्धालु अपने निकटतम रेलवे स्टेशन से इस विशेष ट्रेन में सवार होंगे। स्टेशन तक पहुंचने की व्यवस्था श्रद्धालुओं को स्वयं करनी होगी।
डीआईपीआरओ मूर्ति दलाल ने बताया कि बिना पंजीकरण और बिना सहमति (कंसेंट) के किसी भी श्रद्धालु को यात्रा की अनुमति नहीं दी जाएगी। यात्रा के दौरान विशेष ट्रेन एवं धार्मिक स्थलों पर धूम्रपान तथा किसी भी प्रकार के नशीले पदार्थों का सेवन पूर्णतः प्रतिबंधित रहेगा। केवल पंजीकृत श्रद्धालुओं को ही विशेष ट्रेन में यात्रा करने की अनुमति होगी। यदि कोई व्यक्ति बिना पंजीकरण अथवा आवश्यक दस्तावेजों के जबरन ट्रेन में यात्रा करने का प्रयास करता है और जांच के दौरान उसके पास पहचान संबंधी दस्तावेज नहीं पाए जाते हैं, तो उसे बीच मार्ग में उतारा जा सकता है, जिसकी जिम्मेदारी स्वयं संबंधित व्यक्ति की होगी।
उन्होंने यह भी बताया कि यदि कोई श्रद्धालु पंजीकरण और सहमति देने के बाद यात्रा पर नहीं जाता है, तो उसे योजना के नियमों के अनुसार आगामी तीन वर्षों तक इस प्रकार की किसी भी सरकारी तीर्थ यात्रा योजना का लाभ नहीं मिलेगा। उन्होंने कहा कि यात्रा के लिए मुख्यमंत्री तीर्थ यात्रा योजना के तहत सरल पोर्टल पर पंजीकरण करवाना अनिवार्य है। श्रद्धालुओं को यात्रा से पूर्व अपनी मेडिकल हिस्ट्री की जानकारी भी देनी होगी, ताकि यात्रा के दौरान किसी प्रकार की स्वास्थ्य संबंधी परेशानी से बचा जा सके। उन्होंने श्रद्धालुओं से अपील की कि वे अधिकृत एवं योग्य चिकित्सक द्वारा प्रमाणित मेडिकल फिटनेस प्रमाण पत्र अवश्य प्रस्तुत करें।
उन्होंने बताया कि इस योजना के अंतर्गत सरकार द्वारा श्रद्धालुओं के रहने, भोजन एवं स्थानीय परिवहन की समुचित व्यवस्था की जाएगी। यात्रा के लिए आवेदन करते समय वैध फोटो पहचान पत्र (आधार कार्ड, पैन कार्ड अथवा अन्य सरकारी पहचान पत्र), परिवार पहचान पत्र (पीपीपी), शारीरिक रूप से यात्रा के लिए फिट होने संबंधी स्व-घोषणा तथा पिछले तीन वर्षों में योजना का लाभ न लेने संबंधी घोषणा प्रस्तुत करना अनिवार्य होगा।
उन्होंने बताया कि योजना का लाभ लेने के लिए आवेदक का हरियाणा का निवासी होना तथा परिवार पहचान पत्र होना आवश्यक है। 60 वर्ष या उससे अधिक आयु तथा 1.80 लाख रुपये तक वार्षिक आय वाले वरिष्ठ नागरिक अपने जीवनसाथी को निःशुल्क साथ ले जा सकते हैं।
उन्होंने कहा कि योजना के नियमों के अनुसार प्रत्येक पात्र व्यक्ति हर तीन वर्ष में केवल एक बार ही इस सुविधा का लाभ उठा सकता है। “पहले आओ, पहले पाओ” के आधार पर संचालित इस योजना में परिवार पहचान पत्र अनिवार्य है। उन्होंने बताया कि सरल पोर्टल पर पंजीकरण करवाने के उपरांत पात्र श्रद्धालु जिला फरीदाबाद, सेक्टर-12 स्थित लघु सचिवालय के ग्राउंड फ्लोर पर जिला सूचना एवं जनसंपर्क अधिकारी कार्यालय में अपनी सूचना अवश्य दें।
