*हर बूंद एक धड़कन: ईएसआईसी ब्लड सेंटर फरीदाबाद ने स्वैच्छिक रक्तदान अभियान के माध्यम से जीवनदान के संकल्प को किया सशक्त

फरीदाबाद । रक्त केवल एक चिकित्सीय संसाधन नहीं है, बल्कि यह समय, आशा और जीवन का अमूल्य उपहार है। ईएसआईसी ब्लड सेंटर, प्रतिरक्षा रक्त विज्ञान एवं रक्त आधान विभाग (आईएचबीटी), फरीदाबाद ने उस भविष्य की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बढ़ाया, जहाँ किसी भी मरीज को इस जीवन रक्षक उपहार के लिए प्रतीक्षा न करनी पड़े। विभाग द्वारा आयोजित प्रेरणादायी स्वैच्छिक रक्तदान शिविर का सफल आयोजन समाज को एक साझा उद्देश्य—जीवन बचाने—के सूत्र में जोड़ने में सफल रहा। शिविर के दौरान 60 यूनिट रक्त एकत्रित किया गया।

यह जीवनदायी पहल डीन डॉ. चवण कालिदास के दूरदर्शी नेतृत्व तथा चिकित्सा अधीक्षक (एमएस) डॉ. संदीप कुमार के सशक्त मार्गदर्शन एवं महत्वपूर्ण सहयोग में आयोजित की गई। उनका सामूहिक संकल्प इस तृतीयक रेफरल केंद्र के लिए अत्यंत संवेदनशील और मानवीय है—दूर-दराज क्षेत्रों से उपचार के लिए आने वाले किसी भी मरीज या उसके परिजन को रिप्लेसमेंट ब्लड डोनर की व्यवस्था को लेकर चिंता न करनी पड़े। डॉ. हेमंत अत्री ने कहा कि उपचार के दौरान उनका पूरा ध्यान केवल स्वास्थ्य लाभ और स्वस्थ होने की प्रक्रिया पर केंद्रित रहना चाहिए।

केवल एक प्रतिशत की शक्ति:

समुदाय आधारित समाधान प्रतिदिन हजारों लोग ईएसआईसी मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में आते हैं। ब्लड सेंटर टीम ने इस पहल के माध्यम से इन्हीं कर्मचारियों, विद्यार्थियों, आगंतुकों और मरीजों के परिजनों से भावनात्मक एवं रणनीतिक अपील की है। जीवन बचाने का यह गणित सरल, किंतु अत्यंत प्रभावशाली है—यदि प्रतिदिन आने वाले लोगों में से केवल 1 प्रतिशत व्यक्ति भी स्वेच्छा से रक्तदान करें, तो अस्पताल की संपूर्ण रक्त आवश्यकता पूर्णतः स्वैच्छिक रक्तदान से पूरी की जा सकती है।

जागरूकता संवाद बना अभियान की धड़कन :
रक्तदान शिविर के साथ आयोजित संवादात्मक जागरूकता सत्र आज के कार्यक्रम का सबसे प्रेरणादायी पक्ष रहा। आईएचबीटी टीम ने उपस्थित लोगों से सीधे संवाद कर रक्तदान से जुड़े अनेक मिथकों और भ्रांतियों को दूर किया तथा झिझक को साहस और मानवता की भावना में परिवर्तित किया। यह सत्र “मिशन 100% स्वैच्छिक रक्तदान” के लिए एक महत्वपूर्ण आह्वान सिद्ध हुआ, जिसका उद्देश्य प्रत्येक मरीज को आवश्यकता के समय सुरक्षित, गुणवत्तापूर्ण और समय पर उपलब्ध रक्त सुनिश्चित करना है।

सेवा में उत्कृष्टता का उदाहरण :
ईएसआईसी ब्लड सेंटर की टीम की सूक्ष्म योजना और अथक समर्पण के कारण पूरा कार्यक्रम अत्यंत सुव्यवस्थित और सफल रहा। प्रत्येक रक्तदाता को केवल एक स्वयंसेवक नहीं, बल्कि जीवनरक्षक नायक के रूप में सम्मान दिया गया। विभाग ने दाताओं की सुरक्षा, सुविधा, सम्मान और चिकित्सीय देखभाल के सर्वोच्च मानकों का पालन सुनिश्चित किया।

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