सामाजिक एकता के बिना समाज का उत्थान करना संभव नहीं : धर्मपाल सरपंच
फरीदाबाद । गांव ताजुपूर में जाटव महासभा की मासिक कार्यकारिणी की बैठक को संबोधित करते हुए जाटव महासभा के अध्यक्ष धर्मपाल सरपंच ने कहा कि सामाजिक एकता के बिना हम किसी भी समाज का उत्थान नहीं कर सकते ।
बैठक का आयोजन ताजुपूर के सरपंच पवन डागर ने किया
संस्था के अध्यक्ष धर्मपाल सरपंच ने जोर देकर कहा कि जब तक सामाजिक बुराइयों को दूर नहीं करते तब तक हम सामाजिक आर्थिक और राजनीतिक रुप से मजबूत नहीं हो सकते ।
संस्था के अध्यक्ष धर्मपाल सरपंच ने जोर देकर कहा कि जब तक सामाजिक बुराइयों को दूर नहीं करते तब तक हम सामाजिक आर्थिक और राजनीतिक रुप से मजबूत नहीं हो सकते ।
उन्होंने कहा कि आज के युवाओं की नैतिक जिम्मेदारी बनती है कि समाज के उत्थान के लिए आगे आए ।
क्योंकि युवाओं की भागेदारी से ही हम देश और समाज का भला कर सकते हैं ।
धर्मपाल सरपंच ने सफल आयोजन के लिए गांव के सरपंच पवन डागर को अपनी शुभकामनाएं देते हुए कहा कि समाज के उत्थान के लिए सरपंचों की भूमिका अधिक मायने रखती है सरपंचों को अपनी जिम्मेदारी समझते हुए सामाजिक उत्थान और विकास के लिए कार्य करना चाहिए।जाटव महासभा के महासचिव अशोक रावल ने अपने सम्बोधन में कहा कि संस्था का उद्देश्य सामाजिक न्याय समानता शिक्षा आर्थिक विकास संगठित होना चाहिए ।
उन्होंने कहा कि बाबा साहब के बताए हुए मार्ग पर चलकर ही हम सामाजिक कुरीतियां को दूर कर सकते हैं ।
रावल ने कहा कि आज का युवा वर्ग राजनैतिक चेतना सामाजिक उत्थान दैश की उन्नति के लिए बढ़-चढ़कर भाग ले रहे हैं ।
संस्था के उपाध्यक्ष शिव कुमार ने कहा कि गांवों में जाकर अधिक से अधिक लोगों को जोड़ना चाहिए तभी जाकर सामाजिक चेतना आयेंगी ।
उन्होंने कहा कि आज समाज में बिखराव हो रहा है जिसके कारण सामाजिक भाईचारे से कमी आई है ।
क्योंकि युवाओं की भागेदारी से ही हम देश और समाज का भला कर सकते हैं ।
धर्मपाल सरपंच ने सफल आयोजन के लिए गांव के सरपंच पवन डागर को अपनी शुभकामनाएं देते हुए कहा कि समाज के उत्थान के लिए सरपंचों की भूमिका अधिक मायने रखती है सरपंचों को अपनी जिम्मेदारी समझते हुए सामाजिक उत्थान और विकास के लिए कार्य करना चाहिए।जाटव महासभा के महासचिव अशोक रावल ने अपने सम्बोधन में कहा कि संस्था का उद्देश्य सामाजिक न्याय समानता शिक्षा आर्थिक विकास संगठित होना चाहिए ।
उन्होंने कहा कि बाबा साहब के बताए हुए मार्ग पर चलकर ही हम सामाजिक कुरीतियां को दूर कर सकते हैं ।
रावल ने कहा कि आज का युवा वर्ग राजनैतिक चेतना सामाजिक उत्थान दैश की उन्नति के लिए बढ़-चढ़कर भाग ले रहे हैं ।
संस्था के उपाध्यक्ष शिव कुमार ने कहा कि गांवों में जाकर अधिक से अधिक लोगों को जोड़ना चाहिए तभी जाकर सामाजिक चेतना आयेंगी ।
उन्होंने कहा कि आज समाज में बिखराव हो रहा है जिसके कारण सामाजिक भाईचारे से कमी आई है ।
संस्था के कोषाध्यक्ष जय सिंह सागर, संयुक्त सचिव बलबीर सिंह, मुख्य सलाहकार किशोरी लाल, रामचंद्र नंबरदार, फतेह सिंह दांगी, पवन डागर, प्यारेलाल, मास्टर सोहनलाल, गजराज सिंह, धर्मपाल, कप्पी सिंह, श्रद्धानंद, गिरीश चंद्र प्रधान, मोतीलाल, संतराम, सोनू, ब्रह्मसिंह, संतराम, महिपाल, छत्रपाल, महेंद्र सिंह, दयाराम, सौरभ देव, दीपक, ओमप्रकाश, अजीत, रेवती ठेकेदार अजीत सिंह प्रताप सिंह दीपक दयाराम मोहित कन्हैया लाल ने भी अपने अपने विचार रखे । इस अवसर सैकड़ों लोग मौजूद रहे ।
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