राशन वितरण में लापरवाही बर्दाश्त नहीं, अधिकारी न सुनें तो मुझसे मिलें : राजेश नागर
फरीदाबाद। हरियाणा के खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले मंत्री राजेश नागर ने आज विभाग की रिव्यू मीटिंग कर राशन वितरण व्यवस्था की समीक्षा की। नागर ने मीटिंग से अनुपस्थित रहे अधिकारियों को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जनहित के मुद्दों पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
मंत्री राजेश नागर ने डिपो होल्डरों से सरकार की योजनाओं को पूरी ईमानदारी, पारदर्शिता और जिम्मेदारी के साथ लागू करने का आह्वान किया। नागर ने कहा कि डिपो होल्डर सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं को धरातल पर पहुंचाने में महत्वपूर्ण कड़ी हैं। इसलिए उनका व्यवहार उपभोक्ताओं के प्रति सम्मानजनक होना चाहिए। उन्होंने निर्देश दिए कि यदि किसी कार्ड धारक का राशन किसी कारणवश बकाया रह जाता है तो इसकी स्पष्ट एंट्री बिल पर की जाए। बकाया राशन दो से तीन दिन के भीतर उपलब्ध नहीं होने पर संबंधित कार्यालय में इसकी शिकायत दर्ज कराई जाए, ताकि समस्या का तत्काल समाधान हो सके।
इसके लिए खाद्य आपूर्ति विभाग का एक व्हाट्सएप ग्रुप बनाया गया है जिसमें विभाग के सभी अधिकारियों, डिपो धारकों सहित मंत्री स्वयं भी शामिल हैं। मंत्री ने कहा कि सभी डिपो धारक अपनी समस्याओं को इस ग्रुप में डालें जिसका निरीक्षण वह स्वयं कर रहे हैं।
मंत्री राजेश नागर ने राशन कार्ड धारकों से भी अपील की कि जब तक उन्हें उनकी यूनिट के हिसाब से पूरा राशन प्राप्त न हो जाए, तब तक किसी रसीद पर हस्ताक्षर न करें। उन्होंने कहा कि राशन वितरण में पारदर्शिता मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी सरकार की प्राथमिकता है।
मंत्री ने बैठक में स्पष्ट किया कि प्रत्येक पात्र राशन कार्ड धारक को उसकी यूनिट के अनुसार पूरा राशन मिलना चाहिए। राशन वितरण में किसी भी प्रकार की लापरवाही, अनियमितता या पात्र लाभार्थी को उसके हक से वंचित करना बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने बताया कि सरकार की ओर से डिपो होल्डरों तक राशन पहुंचाने की व्यवस्था निशुल्क की जाती है। डिपो होल्डरों को राशन के ट्रांसपोर्टेशन का कोई खर्च नहीं देना होता। यदि कोई ट्रांसपोर्टर राशन पहुंचाने के बदले पैसे की मांग करता है तो इसकी तत्काल विभाग को सूचना दें, ताकि संबंधित के खिलाफ कार्रवाई की जा सके।
बैठक में डिपो होल्डरों को नई मशीनों और इलेक्ट्रॉनिक कांटों के उपयोग को लेकर भी निर्देश दिए गए। उन्होंने डिपो होल्डरों को प्रतिदिन डिपो खोलने को कहा, ताकि राशन लेने के लिए उपभोक्ताओं को अनावश्यक इंतजार और लंबी कतारों का सामना न करना पड़े। उन्होंने कहा कि विभाग द्वारा डिपो की नियमित चेकिंग की जा रही है और इसकी रिपोर्ट को वह स्वयं देख रहे हैं।
राजेश नागर ने कहा कि यदि विभाग का कोई कर्मचारी डिपो होल्डर पर अनावश्यक दबाव बनाता है या उसे किसी प्रकार से परेशान करता है तो इसकी सूचना सीधे उन्हें दें। उन्होंने बताया कि शीघ्र ही विभाग द्वारा नए राशन डिपो की प्रक्रिया भी शुरू होगी। इसके अलावा डिपो होल्डरों का कमीशन प्रत्येक माह की 1 से 5 तारीख के बीच सीधे उनके बैंक खातों में भेजने की व्यवस्था की जा रही है।
